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याद आती है

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खुशियों की चादर तुम से थी मेरी, न जाने कितनी दुआओं का असर हुआ,आंखों में काजल होठों पर हंसी आती थी तुमसे कभी, सुनो! याद तुम्हारी आती है, क़सम से बहुत सताती है….!!

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