इंसान को
यूँ ही मतलबी
नहीं कहा जाता,
उसे अपने
सुख से ज़्यादा,
दूसरे के दुःख में
मज़ा आता है।
NSW अनुभवी लेखक -🥇
जो हमसे दूर हुए..
हम भी उन्हें भूल गये… 🙏🙏
इंसान को
यूँ ही मतलबी
नहीं कहा जाता,
उसे अपने
सुख से ज़्यादा,
दूसरे के दुःख में
मज़ा आता है।
NSW अनुभवी लेखक -🥇
जो हमसे दूर हुए..
हम भी उन्हें भूल गये… 🙏🙏
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