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तुमसे बिछड़कर

पढ़ने का समय : < 1 मिनट

दर्द इतना है कि आँखें भी नम नहीं होतीं,

यादें इतनी हैं कि रातें कम नहीं होतीं,

तुमसे बिछड़कर समझ आया ये इश्क़,

हर किसी के नसीब में मोहब्बत पूरी नहीं होती।

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Alka Singh

NSW. – अनुभवी लेखक -🥇 चाहतों का ऊंचा मुकाम रखती हूं शब्दो के जरिए अनेकों एहसास लिखती हूँ।

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