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❤️ सावन की पहली बारिश 💦❤️💚

पढ़ने का समय : < 1 मिनट

 

 

सावन आया तो बादल भी मुस्कुराने लगे,

सूखे पत्तों पर मोती-से आँसू गिराने लगे।

मिट्टी ने जब ली बारिश की पहली अंगड़ाई,

हवा में घुल गई जैसे कोई मीठी-सी तन्हाई।❣️❣️💞💞❣️❣️

 

नीम की डाल पर झूला धीरे-धीरे झूलने लगा,

मन का कोई भूला हुआ गीत फिर से गूंजने लगा।

भीगी गलियों में तेरी यादों के दीप जले,

हर बूँद में जैसे तेरे ही एहसास मिले।💛💛💛❤️❤️

 

कहीं रिमझिम, कहीं घटाओं का शोर है,

सावन की हर बूँद में छुपा कोई प्रेम का दौर है।

खिड़की पर ठहरी बूँद ने चुपके से ये कहा—

“जिसे दिल से चाहो, उसे बारिश में महसूस करना।”💕💕💕

 

और जब शाम हुई, बादल भी थम गए,

आसमान के आँचल में सितारे फिर जम गए।

मैंने हथेली पर एक बूँद संभालकर रख ली—

सोचा, शायद इसमें तुम्हारी मुस्कान मिल गई।💞💞💞

 

सावन तो हर साल आता है,

मगर कुछ बारिशें उम्रभर याद रहती हैं…!!!❤️❤️

 

 

❤️HAPPY SAVAN TO ALL FRIENDS 💚🫂🌻🌹🙏

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Alka Singh

NSW. – अनुभवी लेखक -🥇 चाहतों का ऊंचा मुकाम रखती हूं शब्दो के जरिए अनेकों एहसास लिखती हूँ।

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